करवा चौथ 2026 पर भद्रा कब तक है?
संक्षिप्त उत्तर:
उपलब्ध पंचांग के अनुसार, 28 अक्टूबर को दोपहर लगभग 2:36 बजे शुरू होकर 29 अक्टूबर की सुबह लगभग 1:06 बजे तक रहेगी। इस अवधि के अनुसार सूर्योदय से पहले ही भद्रा समाप्त हो जाएगी। इसलिए सुबह सूर्योदय से लेकर रात तक की पूजा के समय कोई भद्रा नहीं है।
करवा चौथ 2026 को लेकर महिलाओं के मन में एक सवाल है—क्या इस बार व्रत और पूजा के दिन भद्रा का साया रहेगा? अगर भद्रा है, तो वह कब समाप्त होगी? क्या शाम की पूजा पर इसका कोई असर पड़ेगा?
प्रिय पाठकों, आशा करते हैं कि आप स्वस्थ और प्रसन्नचित होंगे।
मित्रों, जैसा कि आप सभी जानते हैं कि करवा चौथ का व्रत सुहागिन महिलाएँ अपने पति की लंबी उम्र और सुखी वैवाहिक जीवन की कामना के लिए रखती हैं। इस दिन पूजा के मुहूर्त और चंद्रोदय के समय की जानकारी लेना जरूरी है। लेकिन भद्रा के समय को लेकर अलग-अलग जानकारी देखकर परेशान होने की जरूरत नहीं है। आइए, उपलब्ध पंचांग के अनुसार एक एक करके सभी प्रश्नों के उत्तर जाने।
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| करवा चौथ 2026 पर भद्रा के समय, पूजा के मुहूर्त और व्रत से जुड़े भ्रम को समझें। |
करवा चौथ 2026 कब है?
साल 2026 में करवा चौथ का व्रत गुरुवार, 29 अक्टूबर को रखा जाएगा। इस दिन महिलाएँ सुबह सरगी ग्रहण करने के बाद व्रत रखती हैं और शाम को पूजा करती हैं। रात में चंद्रमा को अर्घ्य देने के बाद व्रत खोलती हैं।
करवा चौथ 2026 पर भद्रा कब समाप्त होगी?
दिल्ली के लिए उपलब्ध पंचांग के अनुसार, भद्रा 28 अक्टूबर को दोपहर लगभग 2:36 बजे शुरू होकर 29 अक्टूबर की सुबह लगभग 1:06 बजे समाप्त हो जाएगी। यानी भद्रा सूर्योदय से पहले ही समाप्त हो जाती है। इसलिए 29 अक्टूबर को दिल्ली में करवा चौथ की शाम की पूजा के समय भद्रा नहीं रहेगी। महिलाएँ इस बात को लेकर बेवजह परेशान न हों।
ध्यान दें:
भद्रा के समय को लेकर अलग-अलग जगहों पर अलग जानकारी मिल सकती है। इसलिए अपने शहर के पंचांग में दिए गए समय की अवधि अवश्य देखें। या किसी योग्य पंडित या ज्योतिषी से सलाह लें।
दिल्ली में करवा चौथ की पूजा का शुभ मुहूर्त
दिल्ली में 29 अक्टूबर 2026 को करवा चौथ की पूजा का समय इस प्रकार है:
- पूजा का मुहूर्त: शाम 5:38 बजे से 6:56 बजे तक
- चंद्रोदय का समय: रात लगभग 8:17 बजे
इस समय के अनुसार, शाम की पूजा के समय भद्रा नहीं रहेगी।
महिलाएँ पूजा की तैयारी समय से कर सकती हैं। पूजा में भगवान शिव, माता पार्वती, भगवान गणेश और करवा माता का पूजन किया जाता है। इसके बाद करवा चौथ की कथा सुनने की परंपरा भी है।
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करवा चौथ पर चाँद कितने बजे निकलेगा?
दिल्ली में 29 अक्टूबर को चंद्रोदय का समय रात लगभग 8:17 बजे बताया गया है। चंद्रमा को अर्घ्य देने के बाद व्रत खोलने की परंपरा है।
ध्यान रखें कि -
चंद्रोदय का समय शहर के अनुसार बदल सकता है। इसलिए दिल्ली के बाहर रहने वाली महिलाएँ अपने स्थानीय पंचांग में दिया गया समय देखें। मौसम के कारण चंद्रमा दिखाई देने में भी देर हो सकती है।
अन्य शहरों में चाँद निकलने का अनुमानित समय
- नोयडा - 8:17
- कानपुर - 8:10
- आगरा - 8:18
- बैंगलोर - 8:55
- लखनऊ - 8:06
- पटना -7:52
- जयपुर - 8:28
- कोलकाता - 7:47
- हैदराबाद - 8:41
- मुंबई - 9:00
- दिल्ली - 8:17
- गाजियाबाद - 8:17
- ओडिशा - 8:03
क्या भद्रा के कारण करवा चौथ की पूजा में बाधा आएगी?
नहीं, ऊपर दिए गए समय के अनुसार, भद्रा सुबह सूर्योदय से पहले समाप्त हो जाएगी। इसलिए शाम 5:38 से 6:56 बजे के पूजा मुहूर्त में भद्रा नहीं रहेगी। महिलाएं निःसंकोच पूजा कर सकती हैं।
भद्रा को लेकर भ्रम होने पर सबसे पहले उसके शुरू होने और समाप्त होने का समय देखना चाहिए। केवल यह सुनकर परेशान होने की जरूरत नहीं कि करवा चौथ पर भद्रा है। यह समझना जरूरी है कि वह किस समय तक है और पूजा का मुहूर्त उससे किस प्रकार जुड़ा है।
यदि आपके शहर के पंचांग में समय अलग दिया गया है, तो स्थानीय पंचांग के अनुसार जांच कर लें। या किसी ज्योतिषी / पंडित जी से सलाह ले सकते हैं।
करवा चौथ 2026 से जुड़े सामान्य सवाल
1. करवा चौथ 2026 किस दिन है?
करवा चौथ का व्रत 29 अक्टूबर 2026, गुरुवार को रखा जाएगा।
2. दिल्ली में भद्रा कब समाप्त होगी?
आजतक में प्रकाशित जानकारी के अनुसार, भद्रा 29 अक्टूबर की सुबह 4:27 बजे समाप्त होगी। यह समय उसी प्रकाशित स्रोत के अनुसार है।
3. क्या दिल्ली में शाम की पूजा के समय भद्रा रहेगी?
नहीं। भद्रा सुबह सूर्योदय से पहले समाप्त हो जाती है, जबकि पूजा का मुहूर्त शाम 5:38 से 6:56 बजे तक है।
4. दिल्ली में चाँद कितने बजे निकलेगा?
उपलब्ध पंचांग के अनुसार, चंद्रोदय रात लगभग 8:17 बजे होगा।
5. दूसरे शहरों में रहने वाली महिलाएँ क्या करें?
अपने शहर के पंचांग में भद्रा, पूजा के मुहूर्त और चंद्रोदय का समय देखें। शहर के अनुसार समय में अंतर हो सकता है।
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क्या भद्रा के कारण डरने की जरूरत है?
तो प्रिय पाठकों, आशा करते हैं कि post आपके लिए उपयोगी हो, ऐसी ही अन्य जानकारियों के साथ Vishvagyaan मे फिर से मुलाकात होगी।
माता पार्वती और भगवान शिव से प्रार्थना है कि सभी के जीवन में सुख, शांति, प्रेम और मंगल बना रहे।
हर हर महादेव! 🙏
